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सफल व्यक्ति जिंदगी में अपनी तुलना कभी किसी से नही करता

हम सब को एक ही जीवन मिलता है और ये हम पर निर्भर करता है की हम इस जीवन को अपनी क्षमताओं से बेहतर बनाये या दूसरों के साथ तुलना करके व्यर्थ कर दें किसी भी इंसान को अगर सफल होना है तो उसे सबसे पहले अपनी क्षमताओं को समझना पड़ता है जिस प्रकार एक एक बूंद से सागर बनता है उसी प्रकार अपनी क्षमताओं को पहचान कर ही अपने लक्ष्य तक पंहुचा जा सकता है यदि कोई व्यक्ति सारी जिंदगी दूसरों की क्षमताओं को अपने से अधिक मानता रहेगा तो वह कभी भी सफल नही हो पायेगा

life changing

जिस प्रकार चांद और सूरज की तुलना नहीं की जा सकती, क्योंकि दोनों ही अपने वक़्त पर ही चमकते हैं। उसी प्रकार एक समझदार और साहसी व्यक्ति भी अपने कर्म के द्वारा इस संसार में सब कुछ प्राप्त करता है समय आने पर सब कुछ अपने आप हो जाता है केवल धर्य के साथ आगे बढ़ते रहना चाहिए

आइये जानते है कुछ ऐसे ही वक्तियों के बारे में

निक वुज़िकिक

nik Vujicic

निक वुज़िकिक को तो आप सब जानते ही है यह एक ऐसा व्यक्ति है जो बिना हाथ और पैरों के पैदा हुआ अगर निक वुज़िकिक सारी जिंदगी अपनी तुलना दूसरों से करता तो आज वो जीवन में वह सब नही कर पता जो आज उसने हासिल कर लिया क्योकि जीवन में सबको सब कुछ नही मिलता कुछ इंसान तो ऐसे भी होते है की परिस्तिथियां उनके अनुकूल होते हुए भी वे कुछ नही कर पाते और निक वुज़िकिक ने साबित किया है की जीवन में परिस्तिथियां भी उनका रास्ता नही रोक सकती जिन्होंने केवल अपने आप को सफल करना है

श्रीकांत बोला

shrikanth bolla

श्रीकांत बोला दुनिया के ऐसे पहले व्यक्ति जो जन्म से ही अंधेपन से पीड़ित थे यदि वे अपनी तुलना दुसरे व्यक्तियों से करते तो न तो आज वे इतनी बड़े कंपनी के मालिक होते और न ही इतने कामयाब श्रीकांत बोला के जीवन में भी परिस्तिथियां उनके साथ नही थी लेकिन उन्होंने परिस्तिथियों के साथ समझोता नही किया बल्कि पने धर्य के साथ एक ऐसा इतिहास बना डाला जिससे उनके परिवार को ही नही पुरे देश को उन पर गर्व है

स्टीफन हाकिंग

stephen hawking

स्टीफन हाकिंग जाने माने कंप्यूटर और साइंस की दुनिया के भगवान कहे जाने वाला व्यक्ति जब स्टीफन हाकिंग 21 साल के थे तब उनको एक ऐसी बिमारी हो गई जिसकी वजह से धीरे धीरे उनके शरीर के सभी हिस्सों ने काम करना बंद कर दिया लेकिन उन्होंने हार नही मानी क्योकि उनका मानना था की जीवन तो एक ही है और इस जीवन को बेहतरीन बनाने के लिए जो कुछ भी करना पड़े हमे करना चाहिए उसके बाद स्टीफन हाकिंग रुके नही उन्होंने ऐसे ऐसे अविष्कार किये जिन्हें देखकर पूरी दुनिया उनको नमन करती है

हमे अपने जीवन को केवल अपने तक ही सिमित करके नही जीना चाहिए हमेशा जितना हो सके इसे बेहतरीन बनाने का प्रयास करते रहना चाहिए हम एक ऐसे युग में जी रहे है जहाँ पर सभी सुख सुविधाए उपलब्ध है और केवल अपनी सोच के बदलने से ही हम अपना और दूसरों का जीवन बदल सकेंगे

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